प्रेस विज्ञप्ति ​

“सुरक्षित क्लिक – सुरक्षित जीवन” के संकल्प के साथ सीधी जिले में 15 दिवसीय “SAFE CLICK – 2.0” साइबर जागरूकता अभियान का हुआ वृहद शुभारंभ

​🖥️ माननीय मुख्यमंत्री महोदय ने वर्चुअली किया राज्य स्तरीय आगाज़
पुलिस अधीक्षक सीधी श्री संतोष कोरी ने जागरूकता रथ को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना


बढ़ते साइबर अपराधों की रोकथाम, ऑनलाइन धोखाधड़ी से आमजन की सुरक्षा और नागरिकों को डिजिटल रूप से साक्षर बनाने के उद्देश्य से आज मध्य प्रदेश पुलिस मुख्यालय के निर्देशानुसार “SAFE CLICK – 2.0” (साइबर स्वच्छता – Cyber Hygiene) अभियान का पूरे जिले में भव्य और वृहद स्तर पर शुभारंभ किया गया. पुलिस अधीक्षक कार्यालय सीधी में आयोजित इस मुख्य जिला स्तरीय कार्यक्रम का शुभारंभ माननीय मुख्यमंत्री, मध्य प्रदेश शासन द्वारा वर्चुअल माध्यम से गरिमामय उपस्थिति में किया गया. इसी कड़ी में, साइबर सुरक्षा के संदेश को जिले के अंतिम छोर तक पहुंचाने के उद्देश्य से पुलिस अधीक्षक सीधी श्री संतोष कोरी द्वारा विशेष रूप से तैयार किए गए “साइबर जागरूकता रथ” को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया.
​आज के शुभारंभ कार्यक्रम का वृहद विवरण: 
कार्यक्रम की शुरुआत में पुलिस अधीक्षक द्वारा अभियान की रूपरेखा पर विस्तार से प्रकाश डाला गया. उन्होंने बताया कि आज तकनीक के इस दौर में सावधानी ही सबसे बड़ा बचाव है. आज प्रथम दिवस के कार्यक्रम के तहत पूरे जिले के सभी थानों, चौकियों, ग्राम पंचायतों, अस्पतालों और प्रमुख सार्वजनिक स्थलों पर राष्ट्रीय साइबर अपराध हेल्पलाइन नंबर 1930 एवं राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल (www.cybercrime.gov.in) से संबंधित विशेष बैनर, पैम्फलेट और स्टेंडी स्थापित की गईं. इसके साथ ही सोशल मीडिया के विभिन्न आधिकारिक माध्यमों पर साइबर सुरक्षा से जुड़े संदेशों, वीडियो और ऑडियो क्लिप का व्यापक स्तर पर प्रसारण शुरू किया गया है ताकि कोई भी नागरिक अनजाने में साइबर ठगों का शिकार न बने. इस अवसर पर उपस्थित पत्रकारों से चर्चा करते हुए पुलिस अधिकारियों ने “रुको, सोचो और फिर कार्रवाई करो” का मूल मंत्र साझा किया.
​इस गरिमामय कार्यक्रम के दौरान अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमती कमला जोशी, उप पुलिस अधीक्षक मुख्यालय श्री अमन मिश्रा, उप पुलिस अधीक्षक (अजाक) श्री सुजीत कड़वे, रक्षित निरीक्षक श्री वीरेंद्र कुमरे, थाना प्रभारी अजाक निरीक्षक आर. एल. साकेत, थाना प्रभारी कोतवाली उपनिरीक्षक विवेक द्विवेदी, सहित भारी संख्या में पुलिस स्टाफ, तकनीकी विशेषज्ञ और जिले के गणमान्य पत्रकार बंधु उपस्थित रहे.
*​📢 आगामी दिवसों में आयोजित होने वाले विभिन्न कार्यक्रम:
​पुलिस अधीक्षक सीधी ने बताया कि यह अभियान केवल आज तक सीमित नहीं है, बल्कि आने वाले दिनों में तहसील, जनपद, अनुभाग और थाना स्तर पर व्यापक जन-भागीदारी के साथ विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे. भविष्य में आयोजित होने वाले इन कार्यक्रमों के तहत जिले के समस्त स्कूलों, कॉलेजों और तकनीकी संस्थानों में विशेष कार्यशालाएं आयोजित की जाएंगी, जहाँ छात्रों को साइबर सुरक्षा की शपथ दिलाई जाएगी और उनके लिए क्विज प्रतियोगिताएं होंगी. बैंकिंग और वित्तीय सुरक्षा को मजबूत करने के लिए बैंकों, एटीएम, डाकघरों और सीएससी केंद्रों पर जाकर आम नागरिकों को डिजिटल अरेस्ट, केवाईसी (KYC) अपडेट के नाम पर होने वाले फ्रॉड, यूपीआई और फर्जी निवेश योजनाओं से बचने के गुर सिखाए जाएंगे. महिला एवं बाल सुरक्षा को केंद्र में रखते हुए महिला महाविद्यालयों और आंगनबाड़ी केंद्रों में विशेष सत्र आयोजित होंगे, जिसमें सोशल मीडिया पर होने वाली साइबर बुलिंग, मॉर्फिंग और ऑनलाइन गेमिंग के खतरों से सुरक्षा पर चर्चा की जाएगी.
​इसके साथ ही भविष्य में ग्रामीण क्षेत्रों को सुरक्षित करने के लिए ग्राम पंचायतों में “साइबर चौपाल” का आयोजन किया जाएगा, जहाँ सरपंच, सचिव और ग्रामीणों को जोड़कर साइबर अपराधों की रिपोर्टिंग प्रक्रिया समझाई जाएगी. जनसेवा और स्वास्थ्य संस्थानों जैसे अस्पतालों में जागरूकता संदेश प्रदर्शित किए जाएंगे तथा प्रमुख बाजारों व सार्वजनिक स्थलों पर नुक्कड़ नाटकों और भव्य साइबर रैलियों के जरिए लोगों को जागरूक किया जाएगा. डिजिटल माध्यमों के प्रभावी उपयोग के लिए स्थानीय सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स के सहयोग से पॉडकास्ट और वीडियो जारी किए जाएंगे. व्यापारिक प्रतिष्ठानों, पेट्रोल पंपों और मंडियों में मर्चेंट्स को क्यूआर (QR) कोड फ्रॉड से बचने की ट्रेनिंग दी जाएगी. धार्मिक और सामुदायिक स्थलों पर लाउडस्पीकर से उद्घोषणाएं की जाएंगी तथा शासकीय कार्यालयों में अधिकारियों-कर्मचारियों के लिए साइबर हाइजीन एवं डेटा सुरक्षा पर सेमिनार होंगे. ग्रामीण अंचलों में कोटवारों के माध्यम से मुनादी कराई जाएगी और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं द्वारा घर-घर जाकर संपर्क किया जाएगा. अभियान के अंतिम दिनों में ‘संचार साथी’ पोर्टल की उपयोगिता, खाता फ्रीज होने की स्थिति में बैंकिंग शिकायत निवारण, युवाओं व नागरिकों की सहभागिता के साथ एक भव्य “साइबर मैराथन/रन” का आयोजन और साइबर सुरक्षा प्रदर्शनी के साथ प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिताओं का आयोजन भी किया जाएगा.
08 जुलाई को होगा समापन:
तहसील से लेकर ग्राम स्तर तक लगातार चलने वाली इन विविध रचनात्मक और सुरक्षात्मक गतिविधियों के उपरांत, आगामी 08 जुलाई 2026 को इस 15 दिवसीय वृहद जागरूकता कार्यक्रम का विधिवत समापन किया जाएगा. पुलिस विभाग ने जिले के सभी नागरिकों, व्यापारियों और युवाओं से अपील की है कि वे इस अभियान से जुड़कर खुद को और अपने परिवार को डिजिटल दुनिया में सुरक्षित बनाएं.

 

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